नई दिल्ली (नेहा): दिल्ली की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ और आधुनिक बनाने की दिशा में दिल्ली सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में सरकार ने दिल्ली मेट्रो फेज-IV के तहत तीन नए महत्वपूर्ण कॉरिडोर के लिए अपने हिस्से का फंड जारी कर दिया है। 14,630.80 करोड़ की इस कुल परियोजना के लिए दिल्ली सरकार ने अपने हिस्से के 3,386.18 करोड़ के बजट को आधिकारिक मंजूरी दे दी है। इस विस्तार के तहत कुल 47 किलोमीटर का नया मेट्रो नेटवर्क तैयार किया जाएगा, जिसमें तीन प्रमुख रूट शामिल हैं-
1. लाजपत नगर से साकेत (G-Block): 8.3 किमी लंबे इस एलिवेटेड स्ट्रेच पर 8 स्टेशन होंगे, जो दक्षिण दिल्ली की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएंगे।
2. इंद्रलोक से इंद्रप्रस्थ: 12.3 किमी लंबे इस कॉरिडोर में 10 स्टेशन (9 अंडरग्राउंड और 1 एलिवेटेड) होंगे, जो मध्य दिल्ली के यात्रियों के लिए वरदान साबित होगा।
3. रिठाला से कुंडली: सबसे लंबा कॉरिडोर (26.4 किमी) होगा, जिसमें 21 स्टेशन होंगे। यह रूट दिल्ली को हरियाणा सीमा (NCR) से सीधे जोड़ेगा।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने परियोजना की घोषणा करते हुए कहा कि मेट्रो का विस्तार दिल्ली को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप आधुनिक और मजबूत बनाएगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि सुरक्षित, सुविधाजनक और समयबद्ध यात्रा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
इस परियोजना का सबसे बड़ा लाभ दिल्ली की हवा और सड़कों पर दिखेगा। नए कॉरिडोर शुरू होने से सड़कों पर निजी वाहनों का दबाव कम होगा, जिससे न केवल ट्रैफिक जाम की समस्या हल होगी, बल्कि वाहनों से होने वाले उत्सर्जन में भी भारी कमी आएगी। यह कदम दिल्ली को सस्टेनेबल विकास की ओर ले जाने की एक बड़ी कड़ी है।
फेज-4 के विस्तार से नॉर्थ, सेंट्रल, साउथ दिल्ली और NCR के बीच की दूरी सिमट जाएगी। यात्रा समय में बचत के साथ-साथ आम जनता को एक सस्ता और प्रदूषण मुक्त परिवहन विकल्प मिलेगा। 14,000 करोड़ से अधिक का यह निवेश दिल्ली के बुनियादी ढांचे को विश्वस्तरीय बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।


