नई दिल्ली (पायल): पाकिस्तान से लगातार मिल रही व्यापारिक धोखाधड़ी से परेशान अफगानिस्तान ने अब इस्लामाबाद के साथ ट्रेड के सभी रास्ते बंद कर दिए हैं और भारत की ओर उम्मीद भरी नजरों से देख रहा है। तालिबान सरकार ने पाकिस्तान पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह दवाइयों के नाम पर घटिया क्वालिटी और एक्सपायर्ड मेडिसिन भेज रहा था, जो मरीजों के लिए फायदे की बजाय जानलेवा साबित हो रही थीं।
इसी पृष्ठभूमि में अफगानिस्तान के स्वास्थ्य मंत्री मौलवी नूर जलाल जलाली भारत दौरे पर दिल्ली पहुंचे हैं। माना जा रहा है कि यह दौरा भारत-अफगानिस्तान स्वास्थ्य सहयोग को नई दिशा देने वाला साबित हो सकता है। अफगानिस्तान का स्वास्थ्य ढांचा इस समय बुरी तरह चरमरा चुका है और देश को दवाइयों, मेडिकल उपकरणों, डॉक्टरों की ट्रेनिंग और मानवीय सहायता की सख्त जरूरत है। हालांकि, जलाली के दौरे को लेकर अभी आधिकारिक कार्यक्रम सार्वजनिक नहीं किया गया है, लेकिन सूत्रों के अनुसार भारत से दवाइयों की आपूर्ति, मेडिकल सपोर्ट और हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर सहयोग पर बातचीत हो सकती है।


