नई दिल्ली (नेहा): ईरान संकट का असर अब भारत पर दिखने लगा है। के चलते इंडिगो ने 28 जनवरी तक अपनी त्बिलिसी, अल्माटी, ताशकंद और बाकू की फ्लाइट्स कैंसिल कर दी हैं। वहीं, एयर इंडिया जो अब तक नॉर्थ अमेरिका आने-जाने वाली अपनी फ्लाइट्स के लिए ईरान के पूर्वी हिस्सों के ऊपर से उड़ान भर रही थी, अब एक-दो दिन में पूर्वी तट पर बर्फीले तूफान के बाद हालात सामान्य होने पर स्थिति का जायजा लेगी।
इंडिगो ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि मौजूदा हालात और सावधानी से आकलन करने के बाद 26, 27 और 28 जनवरी को त्बिलिसी, अल्माटी, ताशकंद और बाकू से आने-जाने वाली इंडिगो की फ्लाइट्स कैंसिल कर दी गई हैं। यूरोपियन यूनियन एविएशन सेफ्टी एजेंसी (EASA) की 16 जनवरी की एडवाइजरी के बाद एयर इंडिया की यूरोप आने-जाने वाली फ्लाइट्स ने ईरान के ऊपर से उड़ान भरना बंद कर दिया था।
बता दें कि इस समय ईरानी एयर डिफेंस फोर्सेस हाई अलर्ट पर हैं। EASA की एडवाइजरी में कहा गया था कि मौजूदा हालात और अमेरिकी मिलिट्री कार्रवाई की संभावना को देखते हुए। अभी (ईरानी एयरस्पेस में) गलत पहचान होने की संभावना ज्यादा है। कई तरह के हथियारों और एयर-डिफेंस सिस्टम की मौजूदगी और उनके संभावित इस्तेमाल, साथ ही अप्रत्याशित सरकारी प्रतिक्रियाओं और SAM सिस्टम के संभावित एक्टिवेशन से सभी ऊंचाई और फ्लाइट लेवल पर ऑपरेट होने वाली सिविल फ्लाइट्स के लिए बहुत ज्यादा खतरा पैदा होता है।
EASA ने अपनी एडवाइजरी में कहा था कि एयर ऑपरेटर्स को ईरान के एयरस्पेस में किसी भी ऊंचाई और फ्लाइट लेवल पर ऑपरेट नहीं करना चाहिए। तब से एयर इंडिया यूरोप आने-जाने वाली फ्लाइट्स के लिए ईरान के ऊपर से नहीं उड़ रहा है। यह एडवाइजरी EASA ने अधिकृत तीसरे देश के ऑपरेटरों को दी थी। अब एयर इंडिया और कई दूसरी एयरलाइंस इराक के ऊपर से उड़ रही हैं। जब ईस्ट कोस्ट की फ्लाइट्स फिर से शुरू होंगी तो एयर इंडिया उस समय की स्थिति के आधार पर ईरान के ज्यादा सुरक्षित पूर्वी हिस्से के ऊपर से उड़ने के बारे में फैसला लेगा।


