नई दिल्ली (नेहा): अमेरिकी स्पेस रिसर्च कंपनी नासा (NASA) का एक प्लेन हवा में ही दुर्घटनाग्रस्त हो गया। उड़ान के दौरान प्लेन में कुछ तकनीकी खराबी आ गई, जिसके कारण आनन-फानन में प्लेन को टेक्सस के एक हवाईअड्डे पर लैंड करवाया गया। लैंडिंग के दौरान प्लेन के पिछले हिस्से में आग और धुआं निकलने लगा। ये नासा का एक रिसर्च प्लेन था, जिसकी इमरजेंसी बेली लैंडिंग हुई। प्लेन को टेक्सस के ह्यूस्टन में एलिंगटन हवाई अड्डे पर उतारा गया।
तकनीकी खराबी के कारण प्लेन का लैंडिंग गियर नहीं खुल पाया, ऐसे में प्लेन रनवे पर फिसलते हुए लैंड हुआ। प्लेन हवाई पट्टी पर उतरने के बाद रनवे पर फिसलने लगा है, जिसके बीच प्लेन के पिछले हिस्से से आग और धुआं निकल रहा है। नासा ने भी घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि प्लेन में मौजूद पायलट समेत सभी सदस्य बिल्कुल सुरक्षित हैं। X पर पोस्ट शेयर करते हुए नासा ने बताया कि प्लेन में तकनीकी खराबी आ गई थी, जिसके कारण विमान रा लैंडिंग गियर नहीं खुला और प्लेन को एयरपोर्ट पर बेली लैंडिंग करनी पड़ी। इस दौरान प्लेन रनवे पर फिसलता नजर आया।
नासा ने घटना की जांच के आदेश दिए हैं। इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। दुर्घटनाग्रस्त विमान नासा का WB-57 प्लेन था। ये प्लेन अपनी लंबे और पतले आकार के लिए जाना जाता है। 2 सीटों वाला ये जेट विमान 63,000 फीट से अधिक की ऊंचाई पर लगभग साढ़े छह घंटे तक उड़ान भर सकता है। नासा वैज्ञानिक और वायुमंडलीय मिशन के लिए इस विमान का इस्तेमाल करता है।


