वॉशिंगटन (नेहा): अमेरिका में फेडरल एजेंट पांच साल के लड़के को उसके पिता के साथ डिटेंशन सेंटर ले गए। स्कूल अधिकारियों का कहना है कि ऐसा पहली बार नहीं हुआ, जब इमिग्रेशन एजेंट्स ने किसी पांच साल के बच्चे को हिरासत में लिया हो, यह बच्चा मिनियापोलिस के अपने सबर्ब का चौथा स्टूडेंट बन गया है जिसे हाल के हफ्तों में इमिग्रेशन एजेंट्स ने हिरासत में लिया है। अमेरिका की पूर्व उप-राष्ट्रपति कमला हैरिस ने भी पांच साल के बच्चे के डिटेन किए जाने पर आपत्ति जताई है। कमला हैरिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ‘लियाम रामोस तो बस एक बच्चा है। उसे अपने परिवार के साथ घर पर होना चाहिए, न कि ICE के जरिए इस्तेमाल किया जाना चाहिए और टेक्सास के डिटेंशन सेंटर में रखा जाना चाहिए। मैं बहुत गुस्से में हूं और आप लोगों को भी होना चाहिए।’
कोलंबिया हाइट्स पब्लिक स्कूल की सुपरिटेंडेंट जेना स्टेनविक ने बुधवार, 21 जनवरी को रिपोर्टर्स को बताया कि फेडरल एजेंट मंगलवार दोपहर को लियाम कोनेजो रामोस को परिवार के ड्राइववे में खड़ी कार से ले गए।’ स्कूल सुपरिटेंडेंट ने आगे बताया, ‘एजेंट्स ने उससे कहा कि वह अपने घर का दरवाजा खटखटाए ताकि पता चल सके कि अंदर और लोग हैं या नहीं, असल में 5 साल के बच्चे को केवल जाल बिछाने के लिए इस्तेमाल किया गया।’
परिवार के वकील मार्क प्रोकोश ने गुरुवार को कहा, ‘लियाम और उनके पिता को टेक्सास के डिले में एक इमिग्रेशन लॉकअप में ले जाया गया है और उन्हें लगता है कि वे एक फैमिली होल्डिंग सेल में हैं।’ वकील ने आगे कहा कि वे उनसे सीधा संपर्क नहीं कर पाए हैं। उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, ‘हम अपने कानूनी विकल्पों पर विचार कर रहे हैं ताकि यह देखा जा सके कि क्या हम उन्हें किसी कानूनी तरीके से या नैतिक दबाव से आज़द करा सकते हैं।’
डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी की प्रवक्ता ट्रिशिया मैकलग्लिन ने एक बयान में कहा कि ‘ICE ने किसी बच्चे को टारगेट नहीं किया।’ उन्होंने आगे कहा, टइमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट बच्चे के पिता, एड्रियन अलेक्जेंडर कोनेजो एरियस को गिरफ्तार करने गई थी, जो इक्वाडोर का है और अमेरिका में अवैध रूप से रह रहा है। वह अपने बच्चे को छोड़कर पैदल भाग गया।’
मैकलग्लिन ने कहा, ‘बच्चे की सुरक्षा के लिए, हमारे ICE अधिकारियों में से एक बच्चे के साथ रहा, जबकि दूसरे अधिकारियों ने कोनेजो एरियस को गिरफ्तार किया।’ उन्होंने आगे कहा कि माता-पिता को यह विकल्प दिया जाता है कि वे अपने बच्चों के साथ रहें या उन्हें अपनी पसंद के किसी व्यक्ति के पास रखें।


