नई दिल्ली (नेहा): तूफान हैरीने इस हफ्ते भूमध्यसागरीय द्वीप सिसिली में भारी तबाही मचाई। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण कई इलाकों में गंभीर बाढ़ आ गई। वहीं, समुद्र में उठी ऊंची और तेज लहरों ने तटीय बुनियादी ढांचे को भीषण नुकसान पहुंचाया है। तूफान हैरी के कारण भूमध्य सागर के किनारे भयंकर बाढ़ आई। इससे सड़कें नष्ट हो गईं और तटवर्ती इलाकों को भारी नुकसान पहुंचा। इटली, माल्टा, स्पेन और फ्रांस में भी रिकॉर्ड तोड़ बारिश हुई। भारी बारिश और समुद्री लहरों के कारण माल्टा, इटली, स्पेन और फ्रांस में तटीय क्षेत्रों को नुकसान पहुंचा और पूरे भूमध्य सागर में यात्रा बाधित हुई।
तटीय क्षेत्रों में आई बाढ़ के कारण कई सड़कें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। तूफान के क्षेत्र से गुजरने के दौरान आपातकालीन टीमों को हाई अलर्ट पर रखा गया था। माल्टा में सुबह-सुबह गिरे हुए पेड़, क्षतिग्रस्त इमारतें और जलमग्न सड़कें देखीं गईं। मार्सस्काला, स्लीमा और बिरजेबुगा जैसे तटीय शहर तेज हवाओं और उफनती समुद्री लहरों से बुरी तरह प्रभावित हुए। इटली के लिपारी द्वीप पर समुद्र तट पर विशाल लहरें टकराईं। इसके कारण नौका सेवा बांधित हुई। सिसिली के एक प्रसिद्ध तटीय शहर लेतोजानी में, ड्रोन वीडियो में दिखाया गया कि समुद्र तट के पास सड़क के बड़े हिस्से बह गए थे।
इस तूफान ने कम समय में ही भयंकर तबाही मचा दी। इटली के नागरिक सुरक्षा विभाग के अनुसार, 18 जनवरी से 21 जनवरी के बीच कुछ क्षेत्रों में लगभग दो फीट (57 सेंटीमीटर) बारिश हुई। इटली के तटीय इलाकों के कुछ हिस्सों में लहरें लगभग 32 फीट (9.7 मीटर) तक ऊंची उठ गईं। इससे तटीय क्षेत्रों में बाढ़ आ गई। कोर्सिका में एक ही दिन में 200 मिलीमीटर से अधिक बारिश हुई, जिससे नदियां उफान पर आ गईं और द्वीप के कई इलाकों में बाढ़ आ गई। वहीं, स्पेन के कैटालोनिया क्षेत्र में बारिश और समुद्री लहरों ने भारी निकसुना पहुंचाया है।


