नई दिल्ली (नेहा): जनता को बेहतर प्राइमरी हेल्थ केयर की सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में दिल्ली सरकार ने हर महीने लगभग 100 आरोग्य मंदिर खोलने का लक्ष्य रखा है। शुक्रवार को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इसकी घोषणा करते हुए कहा कि हमारा मकसद है कि जनता को अपने घर के पास प्राइमरी केयर मिले और अच्छी तरह से मिले, ताकि उन्हें छोटी मोटी बीमारियों के इलाज के लिए बड़े अस्पताल जाने की जरूरत न हो।
यही नहीं, आरोग्य मंदिर का नए एरिया बड़ा होगा, जिससे जरूरत पड़ने पर इसका इमरजेंसी में भी इस्तेमाल किया जा सके। हालांकि, मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि आरोग्य मंदिर शुरू होने से बड़े अस्पतालों पर भी प्रेशर कम होगा, वहां पर भीड़ नियंत्रित होगी। शुक्रवार को मुख्यमंत्री ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर के निर्माण और जो बन चुके है उसे शुरू करने के मद्देनजर बैठक की। सीएम ने कहा कि आरोग्य मंदिर के निर्माण के लिए 100 गज जमीन ही काफी है, लेकिन उन्होंने निर्देश दिए हैं कि वे इससे भी बड़े एरिया को चिह्नित करें और वहां निर्माण करें।
सीएम ने कहा कि बड़े साइज के आरोग्य मंदिरों में बड़े हॉल आदि बनाए जाएं, ताकि इमरजेंसी के हालात में वहां बेड आदि की व्यवस्था की जा सके। उन्होंने कहा कि इन आरोग्य मंदिरों में पार्किंग की व्यवस्था भी हो। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार पुराने प्राइमरी मेडिकल केयर सेंटर में यह आरोग्य मंदिर खोल ही रही है, साथ ही इन केंद्रों के लिए नई इमारतें भी बनाई जा रही है।
मुख्यमंत्री ने राजधानी में इन आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के लोकर पीएम नरेंद्र मोदी का धन्यवाद प्रकट किया। उन्होंने कहा कि इन आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में प्राइमरी मेडिकल केयर के लिए आधुनिक सेटअप तैयार किया जा रहा है, ताकि लोगों को सामान्य व मौसमी बीमारियों के लिए अस्पतालों में न जाना पड़े। संबंधित स्टाफ की नियुक्ति को भी प्राथमिकता दी जा रही है।