नई दिल्ली (नेहा): कर्नाटक में ईवीएम पर मतदाताओं के विश्वास को लेकर किए गए एक सर्वेक्षण ने नया बवाल खड़ा कर दिया है। सर्वे में कर्नाटक निगरानी एवं मूल्यांकन प्राधिकरण के 5,100 मतदाताओं में 85 प्रतिशत लोगों ने ईवीएम पर भरोसा जताया और 2024 लोकसभा चुनाव को स्वतंत्र-निष्पक्ष बताया। इस सर्वे पर एक ओर जहां भाजपा कांग्रेस की ‘वोट चोरी’ वाली थ्योरी पर करारा जवाब बताया, तो दूसरी ओर आईटी मंत्री प्रियांक खर्गे ने सर्वे को राज्य सरकार से अलग बताते हुए इसकी डिजाइन, संचालन करने वाली एजेंसी और नमूने के आकार पर सवाल उठाए।
कर्नाटक के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री प्रियांक खरगे ने सर्वेक्षण को डिजाइन और संचालित करने वाली एजेंसी पर सवाल उठाया और इस बात पर जोर दिया कि इसे राज्य सरकार द्वारा स्वीकृत या आदेशित नहीं किया गया था। केंद्र शासित योजना एवं सांख्यिकी विभाग के अधीन कर्नाटक निगरानी एवं मूल्यांकन प्राधिकरण द्वारा 5,100 मतदाताओं के ज्ञान-दृष्टिकोण-व्यवहार का सर्वेक्षण किया गया। सर्वेक्षण में पाया गया कि ईवीएम पर जनता का जबरदस्त भरोसा है।


