नई दिल्ली (पायल): एयरबस A320 फैमिली विमानों में संभावित फ्लाइट कंट्रोल सॉफ्टवेयर समस्या के चलते देश की प्रमुख एयरलाइंस IndiGo, Air India और Air India Express ने शनिवार को बड़े पैमाने पर सॉफ्टवेयर अपग्रेड का काम शुरू किया। इस प्रक्रिया के चलते कुछ उड़ानों में देरी और कुछ मामलों में कैंसिलेशन भी देखने को मिले, हालांकि इंडिगो और एयर इंडिया ने दिनभर में एक भी उड़ान रद्द नहीं की।
DGCA के मुताबिक भारत में संचालित 338 A320 फैमिली विमानों को सॉफ्टवेयर अपग्रेड की जरूरत है, जिनमें से 270 विमानों में अपडेट पूरा हो चुका है, यानी 90% से अधिक फ्लीट अब सुरक्षित कॉन्फ़िगरेशन में है।
जानकारी अनुसार, इंडिगो के 200 में से 184, एयर इंडिया के 113 में से 69 और एयर इंडिया एक्सप्रेस के 25 में से 17 विमानों में अपग्रेड पूरा किया जा चुका था। दिन के अंत तक इंडिगो ने पुष्टि की कि उसके सभी 200 विमान पूरी तरह अपडेट कर दिए गए हैं।
बता दे कि इस समस्या की वजह से हवाई अड्डों पर 60-90 मिनट की देरी देखी गई, लेकिन परिचालन में किसी बड़े व्यवधान की खबर नहीं है। एयर इंडिया एक्सप्रेस ने अपग्रेड के चलते चार उड़ानें रद्द कीं। DGCA ने शनिवार को एयरलाइंस के लिए एयरवर्दीनेस डायरेक्टिव जारी करते हुए निर्देश दिया कि सभी प्रभावित विमानों में अपग्रेड 30 नवंबर सुबह 5:29 बजे तक हर हाल में पूरा किया जाए।
यह कार्रवाई तब शुरू हुई जब EASA और Airbus ने यह चेतावनी जारी की कि हाल में सामने आए एक मामले के विश्लेषण में पाया गया कि तीव्र सौर विकिरण (solar radiation) के कारण कुछ A320 विमानों में मौजूद Elevator Aileron Computer (ELAC) के फ्लाइट कंट्रोल डेटा में दिक्कत आ सकती है। उड़ान नियंत्रण प्रणाली में किसी भी अनचाहे पिच मूवमेंट को गंभीर माना जाता है, खासकर टेकऑफ़ और लैंडिंग के दौरान।
पूर्व पायलट एहसान खालिद के अनुसार, ELAC विमान का ‘मस्तिष्क और तंत्रिका तंत्र’ माना जाता है और इसके डेटा में किसी भी गड़बड़ी से विमान का नियंत्रण खतरे में पड़ सकता है। उन्होंने बताया कि एक अमेरिकी JetBlue विमान में 30 अक्टूबर को अनकमान्डेड पिच-डाउन की घटना हुई थी जिसमें विमान सात सेकंड तक झटका खाता रहा और कई यात्री घायल हो गए।
सॉफ्टवेयर अपडेट दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई, हैदराबाद, अहमदाबाद और कोलकाता स्थित बेस पर किए जा रहे हैं। DGCA ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि जरूरत पड़े तो कुछ विमानों में हार्डवेयर रियलाइन्मेंट की भी आवश्यकता हो सकती है।
एयरलाइंस का दावा है कि अपडेट के कारण मामूली देरी के अलावा यात्रियों को किसी बड़े व्यवधान का सामना नहीं करना पड़ेगा। अपडेट के पूरा होने के बाद सभी प्रभावित विमान नए सुरक्षित कॉन्फ़िगरेशन में आ जाएंगे।


